संतोष ने कहा कि उन्होंने लोकसभा और विधानसभा में भी नामांकन किया था, लेकिन वो रिजेक्ट हो गए थे। उन्होंने बताया कि वह 2017 में वाराणसी से विधानसभा चुनाव लड़ चुके हैं। इन सबके बावजूद वह अभी भी सरकारी फाइलों में मृत हैं। उन्होंने कहा कि वह खुद को जिंदा साबित करते के लिए चुनाव लड़ रहे हैं।