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यूपी में बिगड़ती कानून-व्यवस्था पर मुख्यमंत्री से मांगी है रिपोर्ट ः राज्यपाल

Fri, 24 Jun 2016 01:29 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, वाराणसी
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राज्यपाल राम नाईक
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राज्यपाल राम नाईक गुरुवार की शाम यूपी में कानून-व्यवस्था की स्थिति पर चिंतित नजर आए। उन्होंने कहा कि प्रदेश में राष्ट्रपति शासन लगेगा या नहीं, यह गंभीर प्रश्न है। लेकिन बिगड़ती कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर मैंने मुख्यमंत्री से रिपोर्ट मांगी है। सीएम की रिपोर्ट आने के बाद देखा जाएगा कि क्या होना चाहिए। छावनी क्षेत्र के एक होटल में राज्यपाल ने ये बातें रोटरी क्लब की ओर से प्रकाशित किताब ‘द बुक ऑफ बनारस’ के विमोचन के बाद पत्रकारों से कहीं।
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विमोचन समारोह से रुखसत होते समय यूपी के हालात पर पत्रकारों के सवालों का रामनाईक ने संजीदगी से जवाब दिया। उन्होंने कहा कि यूपी की कानून व्यवस्था में सुधार की आवश्यकता है। सूबे में हुई हाल की घटनाओं का एक-एक कर उन्होंने जिक्र किया। कहा कि चाहे कैराना से हिंदुओं के पलायन का मामला हो या कांधला का। मथुरा का जवाहर बाग कांड हो या फिर बदायूं में एक पुलिस अफसर को बदमाशों द्वारा गोली मारने की घटना। ये गंभीर वारदातें हैं। यूपी की कानून व्यवस्था में सुधार की आवश्यकता है। इस पर मैंने मुख्यमंत्री से बात की है। इसके अलावा उनसे रिपोर्ट भी मांगी है।


राज्यपाल रामनाईक ने कहा कि मुख्यमंत्री इस दिशा में कदम उठा रहे हैं। प्रदेश में धारा-356 का प्रयोग करने की वह तैयारी कर रहे हैं या नहीं, इस सवाल पर राज्यपाल ने कहा कि धारा-356 आम आदमी समझ नहीं पाएगा, इसलिए और सहज रूप में इस सवाल को करिए। फिर जब उनसे यह सवाल किया गया कि यूपी में राष्ट्रपति शासन जैसे हालात बन रहे हैं या नहीं? तब उनका कहना था कि प्रदेश में राष्ट्रपति शासन लगेगा या नहीं, यह गंभीर प्रश्न है। मुझे कानून-व्यवस्था के मसले पर सीएम की रिपोर्ट आने का इंतजार है।
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यूपी में कुछ दलों में माफिया की वापसी के सवाल पर उनका कहना था कि चुनाव आते हैं तो जोड़तोड़ की सियासत में ऐसा माहौल बनने लगता है। इससे पहले उन्होंने रोटरी क्लब की काफी टेबल बुक ‘द बुक ऑफ बनारस’ का विमोचन किया। इस मौके पर महापौर राम गोपाल मोहले, क्लब के अध्यक्ष चंद्र शेखर कपूर, रोहित कपूर, डॉ. अजीत सैगल ने विचार व्यक्त किए। संचालन सुमन पाठक ने किया। 
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