इनमें 131वां संविधान संशोधन विधेयक, 2026 सबसे महत्वपूर्ण है जिसका प्राथमिक उद्देश्य नारी शक्ति वंदन अधिनियम को धरातल पर उतारना है। इस अधिनियम को लागू करने के लिए जनगणना और परिसीमन की प्रक्रिया अनिवार्य है। हालांकि, कोविड-19 महामारी के कारण इन प्रक्रियाओं में देरी हुई जिसके फलस्वरूप आरक्षण लागू होने की समय सीमा में विस्तार हुआ है।
मेघवाल ने कहा कि सरकार लोकसभा की वर्तमान 543 सीटों की संख्या में वृद्धि कर महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत कोटा सुनिश्चित करने का प्रस्ताव लेकर आई है। लोकसभा के साथ ही दिल्ली, पुडुचेरी और जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेशों की विधानसभाओं में सीटों के पुनर्गठन का प्रस्ताव शामिल है। इस राष्ट्रीय महत्व के विषय पर विपक्षी दलों में सहमति का पूर्ण अभाव दिखा। राज्यसभा सांसद डॉ. सीमा द्विवेदी ने भी अपने विचार रखे। इस मौके पर महानगर अध्यक्ष प्रदीप अग्रहरि, जिला अध्यक्ष हंसराज विश्वकर्मा, महिला मोर्चा की जिला अध्यक्ष विनीता सिंह उपस्थित रहीं।