Varanasi News: एयरो मॉडलिंग करने वालों को ड्रोन इंडस्ट्री, मैपिंग और माइनिंग, रेलवे लाइन, रोड निर्माण, एयरपोर्ट आदि पर जॉब के अलावा पर प्राइवेट कंपनियां भी हायर करती हैं।
बीएचयू स्थित 7 यूपी एयर स्क्वॉड्रन एनसीसी के कैडेट एयरो मॉडलिंग के क्षेत्र में दमदार उपस्थिति दर्ज करा रहे हैं। कलाई के उपयोग से एयरक्राफ्ट के छोटे प्रतिरूप की हवा में फ्लाइंग और सटीक लैंडिंग के प्रदर्शन से बीएचयू के दो कैडेट्स ने राष्ट्रीय स्तर पर स्वर्ण पदक और चीफ मिनिस्टर अवार्ड जीता है। बंगलूरू में आयोजित वायु सेना कैंप में कैडेट सनी पटेल और संदीप कुमार को स्वर्ण पदक मिला।
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एयरो मॉडलिंग एक ऐसी विधा है, जिसमें एनसीसी कैडेट्स को छोटे मॉडल स्वरूप एयरक्राफ्ट उड़ाकर प्रशिक्षित किया जाता है। साथ ही उन्हें ड्रोन इंडस्ट्री में जॉब के अवसर भी मिलते हैं। जिले के सारनाथ क्षेत्र के हिरामनपुर गांव निवासी सनी पटेल एक किसान के बेटे हैं। वह विद्यापीठ में बीए तृतीय वर्ष के भूगोल और मनोविज्ञान के छात्र हैं।
बीएचयू में एनसीसी के तृतीय वर्ष के कैडेट के रूप में वह सात कैंप कर चुके हैं। जबकि चंदौली निवासी संदीप कुमार डीएवी के बीए तृतीय वर्ष के छात्र हैं। दोनों ने बताया कि एयरो मॉडलिंग में कंट्रोल लाइन, रेडियो कंट्रोल और स्टैटिक मॉडल के आधार पर फ्लाइंग की जाती है।
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एयरो मॉडल प्लेन में 3.2 सीसी का डीजल इंजन लगा रहता है। जिसके बल पर वह उड़ान भरता है। सनी ने बताया कि उन दोनों ने बंगलूरू में आयोजित राष्ट्रीय कैंप में कंट्रोल लाइन प्लेन बनाकर पूरे प्रदेश में पहली बार स्वर्ण पदक जीते। गत नवंबर में एनसीसी की ओर से नेपाल में ट्रैकिंग कैंप किया। वहां से आने के बाद एनसीसी डे पर चीफ मिनिस्टर मेडल मिला। उन्होंने बताया कि आगे की प्रतियोगिताओं के लिए वे तैयारी कर रहे हैं।