पहड़िया के पास 10 सितंबर की रात पुरानी रंजिश में हुए हमले में घायल मढ़नी महासीपुर निवासी सौरभ यादव बीएचयू ट्रॉमा सेंटर में मौत हो गई थी। इस मामले में शुक्रवार को सारनाथ थाने की पुलिस ने हत्या के आरोप में नामजद कमौली निवासी रौनक सिंह और जौनपुर के नेवढि़या थाना के काजीहदकोट निवासी अश्वनी सिंह को अदालत में पेश किया। दोनों को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार, सौरभ ने क्षेत्र के लड़कों का गिरोह 4149 के नाम से बनाया था। वहीं, हत्यारोपी कमौली निवासी अभिषेक सिंह ने 2324 के नाम से अपना गिरोह बनाया था। क्षेत्र में वर्चस्व की लड़ाई और जातीय ठसक दिखाने को लेकर अक्सर दोनों गुटों में मारपीट होती रहती थी। 10 सितंबर की रात अभिषेक सिंह, अश्वनी सिंह, रौनक सिंह और नितिन सिंह ने अपने दोस्तों के साथ सौरभ को सबक सिखाने के लिए बेसबाल के बैट से उस पर हमला किया था। सौरभ की मौत की खबर मिलते ही सभी घर से भाग निकले। अश्वनी और रौनक को गिरफ्तार करने के बाद पुलिस अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है। डीसीपी वरुणा जोन अमित कुमार ने बताया कि हत्या के दोनों आरोपियों को सारनाथ थानाध्यक्ष बृजेश कुमार सिंह ने टीम के दरोगा राम नगीना यादव व दुर्गेश सिंह, हेड कांस्टेबल रामबाबू व रामानंद यादव और कांस्टेबल आलोक मौर्या के साथ गिरफ्तार किया।