पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पंकज कुमार सिंह ने बताया कि रेलवे बोर्ड ने कोरोना संक्रमण से बचने के लिए यात्रा के नियमों में भारी बदलाव किया है। स्टेशनों पर सामाजिक दूरी का पालन हर हाल में किया जाएगा। सबसे खास यह है कि जिन यात्रियों के पास कंफर्म टिकट होगा केवल उन्हें ही प्लेटफार्म पर प्रवेश मिलेगा। कोच में चढ़ने से पहले यात्री का स्वास्थ्य जांचा जाएगा, संदिग्ध पाए जाने पर यात्री का टिकट रद्द कर उसे पूरा रिफंड दिया जाएगा। इसके लिए यात्री तो करीब डेढ़ घंटा पहले प्लेटफार्म पर पहुंचना होगा। यात्री को ट्रेन में भी फेस कवर/मास्क पहनना जरूरी होगा, वहीं मोबाइल में आरोग्य सेतु एप भी अनिवार्य रहेगा। उन्होंने कहा कि कृषक तथा चौरीचौरा एक्सप्रेस के संचालन को देखते हुए मऊ जंक्शन के अलावा सभी स्टेशन के अधिकारियों को तैयारी करने की सूचना दी जा चुकी है।
वाणिज्य अधीक्षक शंकर प्रसाद ने बताया कि दो ट्रेनों के संचालन को देखते हुए स्थानीय रेलवे प्रशासन तैयार है। दोनों आरक्षण काउंटर खुले हैं, जिन पर इन दोनों ट्रेनें में दस सितंबर से आरक्षण की सुविधा शुरू होगी। टिकट कंफर्म न होने की स्थिति में यात्री अपना टिकट एक घंटे पहले आकर करा सकता है।
बीते एक जून से ताप्तीगंगा, सरयू यमुना तथा साबरमती एक्सप्रेस के संचालन होने के चलते मऊ जंक्शन के मुख्य गेट के अलावा सभी एंट्री गेट बंद कर दिए। जंक्शन के रिजर्वेशन आफिस के पास बने वेटिंग हाल में सभी यात्रियों को रोका जाता है। यहां वेटिंग हाल में ही टिकट चेक और थर्मल स्क्रीनिंग होगी। वहीं रेलवे स्टेशन को ट्रेन आने से पहले तथा ट्रेन के जाने के बाद प्लेटफार्म तथा रेलवे परिसर को सैनिटाइज किया जाएगा।
दो नियमित ट्रेनों के संचालन को देखते हुए आठ सितंबर को स्टेशन अधीक्षक मऊ की अध्यक्षता में आरपीएफ, जीआरपी, सिविल पुलिस सहित रेलवे के अन्य विभागों की अधिकारियों की बैठक आयोजित होगी। जिसमें ट्रेन के संचालन को लेकर सुरक्षा व्यवस्था, सैनिटाइजेशन, जांच आदि व्यवस्था पर चर्चा होगी।