टीम ने ऑफिस में मौजूद कर्मियों से मालिक के बारे में पूछताछ की तो पता चला कि वह नहीं है। इसके बाद टीम ने कुछ कागजात कब्जे में ले लिए। खरीद-बिक्री से जुड़े दस्तावेज भी खंगाले। कंप्यूटर के रिकार्ड जांचे।
टीम के कुछ सदस्य प्रभापुरम कॉलोनी स्थित व्यापारी के आवास पर भी पहुंचे। वहां काफी देर तक जांच पड़ताल की। विभागीय सूत्रों के मुताबिक, टीम ने व्यापारी और उनके कर्मचारियों से साल में कितने का कारोबार होता है और कितनी जीएसटी की अदायगी होती है समेत अन्य बिंदुओं पर पूछताछ की। यह मामला कारोबार में कच्चे बिल के इस्तेमाल, ज्यादातर नकदी लेनदेन और बगैर बिल्टी के सरिया, अनाज दूसरे राज्यों में भेजने से जुड़ा बताया जा रहा है।
टीम में शामिल सहायक आयुक्त आदिल अहमद ने बताया कि अभी कागजात खंगाले जा रहे हैं। जांच पूरी होने के बाद इसकी रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को दी जाएगी। इसके बाद ही तय होगा कि क्या कार्रवाई की जाएगी।