शिक्षा का अधिकार कानून के तहत निजी स्कूलों में निशुल्क दाखिले के लिए बुधवार को पहली लॉटरी निकाली जाएगी। प्रथम चरण के लिए दो मार्च से शुरू प्रक्रिया में 16626 बच्चों ने ऑनलाइन आवेदन किया था। 26 से 29 तक सत्यापन में विसंगतियों के चलते 2179 आवेदन निरस्त कर दिए गए हैं। आवेदन के दौरान कई अभिभावकों ने दो बार आवेदन के साथ ही अपने वार्ड से इतर दूसरे वार्ड में आवेदन कर दिया था। जिसकी वजह से आवेदन निरस्त हो गए है। जिले के निजी विद्यालयों में प्रवेश के लिए 14 हजार 447 बच्चों की लॉटरी निकाली जाएगी। आरटीई के जिला समन्वयक विमल कुमार के शरी ने बताया कि पहली लॉटरी बुधवार को एक बजे से विक ास भवन में निकाली जाएगी। जिसके बाद बच्चों को विभिन्न स्कूलों में प्रवेश लेना होगा।
वहीं, दूसरी ओर कोरोना के कारण बंद जिले के सात स्कूलों में तालाबंदी होने के बाद 265 बच्चों के भविष्य का फैसला अब तक नहीं हो सका है। अभिभावक बीएसए कार्यालय के चक्कर लगा रहे हैं। अधिकारी शासन से कोई निर्देश न होने का हवाला देकर वापस लौटा दे रहे हैं।