युवक द्वारा दुष्कर्म किए जाने का मामला सामने आते ही इस प्रकरण को एसपी ने गंभीरता से लेते हुए खुद रविवार की सुबह घटना स्थल का निरीक्षण कर पीड़िता का बयान लिया। पुलिस अधीक्षक द्वारा जांच करने और पीड़िता के बयान और साक्ष्यों के आधार पर प्रथम दृष्टया स्थानीय पुलिस की लापरवाही सामने आई।
सोमवार को पुलिस अधीक्षक डॉ. ओमप्रकाश सिंह ने सोमवार को थानाध्यक्ष अनिल कुमार पांडेय, उपनिरीक्षक जयप्रकाश यादव और कांस्टेबल मुंशी विकास सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। एसपी डॉ ओम प्रकाश सिंह ने बताया कि वादिनी की तहरीर पर सुसंगत धाराओं में मुकदमा पंजीकृत नहीं किया गया था, जो घोर लापरवाही है।