आप दिल्ली से पता कर लें, हम अधिकृत नहीं
एएसआई के अधीक्षण पुरातत्वविद अविनाश मोहंती से धमेख स्तूप के तड़ित चालक के चोरी होने के संबंध में पूछा गया। इस पर उन्होंने कहा कि जो कुछ भी हुआ है उसकी जांच कराई जा रही है। जिम्मेदार कर्मियों पर विभागीय कार्रवाई भी होगी। शेष, आप दिल्ली बात करके पता कर लें। हम कुछ भी बताने के लिए अधिकृत नहीं हैं।
चाय की दुकान पर चोरी का भेद खुला
कॉपर की पट्टी चोरी होने का भेद रविवार की सुबह धमेख स्तूप के पास स्थित चाय की एक दुकान पर स्थानीय लोगों की चर्चा के दौरान खुला। स्थानीय लोग रोजाना सुबह के समय धमेख स्तूप और उसके आसपास टहलते हैं। उन्हीं लोगों ने बताया कि दो या तीन दिन पहले धमेख स्तूप की कॉपर की पट्टी चोर चुरा ले गए थे। आनन-फानन में गुपचुप तरीके से एएसआई ने कॉपर की पुरानी पट्टी लगवा दी।
पुरातात्विक खंडहर परिसर की एक-एक ईंट बेशकीमती
सारनाथ स्थित पुरातात्विक खंडहर परिसर की एक-एक ईंट का वैश्विक स्तर पर धार्मिक और ऐतिहासिक महत्व है। तस्कर इस फिराक में रहते हैं कि उनके हाथ एक ईंट भी लग जाएगी तो उसकी मुंहमांगी कीमत अंतरराष्ट्रीय बाजार में आसानी से मिल जाएगी।
इसके बावजूद धमेख स्तूप परिसर की सुरक्षा में बड़ी सेंध लग गई। उससे भी बड़ी बात यह है कि सारनाथ थाने की पुलिस को चोरी की भनक तक नहीं लगी और एएसआई के स्थानीय अधिकारी व कर्मचारी चुप्पी साधे हुए हैं।