कोतवाली और भेलूपुर जोन में 29 मार्च की शाम और 30 मार्च की सुबह को पानी की आपूर्ति बाधित रही। इससे करीब 40 हजार लोग परेशान हुए। वार्ड संख्या 28, सरायनंदन में तेलियाना चौराहा से बृज इंक्लेव मार्ग पर 450 एमएम व्यास की पेयजल पाइपलाइन की मरम्मत हो रही थी जो पूरी हो गई। सोमवार शाम 6 बजे जलापूर्ति बहाल होने पर लोगों ने राहत की सांस ली। दो वक्त पानी न मिलने से शहर के कई इलाकों में लोग परेशान हुए और आसपास के हैंडपंपों और कुओं का सहारा लिया।
भेलूपुर, गोदौलिया, सरायनंदन, बृज इंक्लेव, संकटमोचन, दुर्गाकुंड और रामापुरा सहित अन्य क्षेत्रों में जलापूर्ति न होने पर लोग जलकल कार्यालय में संपर्क कर रहे थे। मरम्मत का कार्य पूरा होने के साथ ही क्षेत्र में अधिक दबाव के साथ जलापूर्ति शुरू कर दी गई है। इससे आने वाले गर्मी के दिनों में बेहतर परिणाम मिलने की संभावना है। गर्मियों में जल की मांग 12 से 15 एमएलडी तक बढ़ जाती है। वार्ड संख्या 27 के पानी के मोटरों की क्षमता बढ़ाई जा रही है। इसके लिए छोटी कमियों को दूर किया जा रहा है और भदैनी पर नए मोटर लगाए गए हैं, ताकि गर्मियों में गंगा से पर्याप्त पानी उपलब्ध हो सके। जलकल विभाग गंगा नदी से 160 से 200 एमएलडी और नलकूपों से 243 एमएलडी पानी की आपूर्ति करता है। शहर में 1086 किलोमीटर से अधिक लंबी पाइपलाइन नेटवर्क है।
दुरुस्त कराए जा रहे 77 ओवरहेड टैंक
203 बड़े नलकूप, 251 मिनी नलकूप और 77 ओवरहेड टैंकों की मरम्मत की जा रही है। गर्मियों में विभिन्न क्षेत्रों में पानी की समस्या आम होती है। जलापूर्ति बाधित होने का मुख्य कारण गंगा नदी का जलस्तर कम होना है। जलस्तर घटने पर डब्ल्यूटीपी पूरी क्षमता से काम नहीं करता, जिससे पानी की आपूर्ति बाधित होती थी। इस समस्या को अब ठीक कराया जा रहा है।
वर्जनपाइपलाइन की मरम्मत का काम पूरा हो गया है। अब यहां गर्मियों में पानी की दिक्कत नहीं होगी। पानी का दबाव भी बढ़ गया है। मरम्मत की सूचना पहले ही लोगों को दे दी गई थी। - विश्वनाथ, सचिव जलकल