जिला जेल का माहौल मंगलवार सुबह फिर तल्ख हो उठा। 12 और 13 नंबर की बैरक के बंदियों ने पुलिस पर उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए हंगामा कर दिया। भोजन का बहिष्कार कर भूख हड़ताल शुरू कर दी। उनका कहना था कि जिला जेल में हफ्ते भर पहले हुए हंगामे में जो बंदी शामिल नहीं थे, उन्हें भी मुकदमे में नामजद कर दिया गया है। पुलिस निर्दोषों को भी आरोपी बना रही है।
मौके पर पहुंचे सीओ कैंट और एसीएम चतुर्थ ने बंदियों से बातचीत कर न्यायोचित कार्रवाई का आश्वासन देकर उन्हें मनाया। करीब दो घंटे बाद हंगामा थमा।जिला जेल में दो अप्रैल को बंदियों ने हमला कर तत्कालीन जेल अधीक्षक आशीष तिवारी को करीब साढ़े सात घंटे तक बंधक बना कर रखा था।