काशी के कोतवाल काल भैरव की स्वर्ण रजत पंचबदन प्रतिमा की शोभायात्रा एक जुलाई को निकलेगी। 69वीं शोभायात्रा में शंकर पार्वती, राधा कृष्ण, दुर्गा जी, काली जी, हनुमान जी की आकर्षक झांकी रहेगी। गोविंदेश्वर महादेव की आकर्षक झांकी तथा डमरू दल भी शोभायात्रा के केंद्र बिंदु होंगे। शोभायात्रा के अंत में शहनाई के साथ नई साज-सज्जा के साथ फूलों से सुसज्जित बाबा का स्वर्णिम रथ होगा। रास्ते पर भक्तों को प्रसाद का वितरण भी होगा।
यह जानकारी स्वर्णकार क्षत्रिय कमेटी के अध्यक्ष किशोर कुमार सेठ ने बुधवार को पराड़कर भवन में आयोजित पत्रकारवार्ता में दी। उन्होंने बताया कि शोभायात्रा में सर्वप्रथम आगे पुलिस घुड़सवार चलेंगे। भक्तगण ध्वजा पताका लिए अग्रिम पंक्ति में चलेंगे। शोभायात्रा में बाबा के स्वागत के लिए विभिन्न सामाजिक संगठनों तथा बाबा के भक्तों द्वारा लगभग 40 स्थानों पर पूजा अर्चना भी होगी। स्वर्णकार क्षत्रिय कमेटी के महामंत्री श्याम कुमार सर्राफ ने बताया कि शोभायात्रा काठ की हवेली, चौखंभा से प्रारंभ होकर बीबीहटिया, जतनवर, विशेश्वरगंज, महामृत्युंजय, दारानगर, मैदागिन, बुलानाला, चौक, नारियल बाजार, गोविंदपुरा, ठठेरी बाजार, सौराकुआं, गोलघर, भुतही इमली होते हुए कालभैरव मंदिर पर जाकर संपन्न होगी। मंदिर में बाबा की स्वर्ण रजत प्रतिमा मंदिर में प्रतिस्थापित कर भव्य शृंगार व पूजन किया जाएगा। इस दौरान शोभायात्रा मंत्री राजू वर्मा, कोषाध्यक्ष जनार्दन वर्मा, श्याम सुंदर सिंह, कमल कुमार सिंह, मीडिया प्रभारी डॉ. कैलाश सिंह विकास, घनश्याम सेठ बच्चा उपस्थित थे।