डीएलडब्ल्यू में पत्रकारों से बात करते पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान।
देश के सात शहरों में घरेलू गैस ईंधन के लिए पाइप लाइन बिछाई जाएगी। जगदीशपुर से हल्दिया तक करीब ढाई हजार किलोमीटर तक गैस पाइप लाइन बिछाई जाएगी। इस पर करीब 13 हजार करोड़ रुपये खर्च होंगे। लगभग तीन साल में लोगों के घरों में रसोई गैस पहुंच जाएगी। डीरेका के इंटर कॉलेज मैदान से 24 अक्तूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गैस पाइप लाइन, सीएनजी और खाद के चार बंद कारखानों को खोलने समेत पेट्रोलियम मंत्रालय की कुल 51 हजार करोड़ रुपये की परियोजनाओं की शुरुआत करेंगे। यह जानकारी केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शुक्रवार को डीरेका खेल मैदान पर पत्रकारों से बातचीत में दी।
पेट्रोलियम मंत्री ने कहा कि हमारा प्रयास है कि काशी में दो साल के भीतर लोगों के घर तक गैस पाइप लाइन पहुंच जाए। प्रधानमंत्री कहते हैं कि जब तक पूर्वी भारत का विकास नहीं होगा, देश का विकास नहीं हो सकता। पूर्वी भारत में पहली बार जगदीशपुर से हल्दिया तक गैस पाइप लाइन बिछाने का सपना साकार होने जा रहा है। पहले चरण में सात बड़े शहरों वाराणसी, पटना, रांची, जमशेदपुर, कोलकाता, भुवनेश्वर और कटक में पाइप से गैस पहुंचेगी।
इसके साथ ही गोरखपुर, बरौनी समेत चार शहरों में बंद पड़े खाद कारखाने चालू होंगे। वाहनों के साथ-साथ उद्योग-धंधों के लिए भी सीएनजी उपलब्ध होगी। डीरेका मैदान से पीएम द्वारा औपचारिक उद्घाटन के बाद इन योजनाओं पर काम शुरू करा दिया जाएगा। बातचीत के दौरान केंद्रीय संचार एवं रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा, मानव संसाधन एवं विकास राज्य मंत्री डॉ. महेंद्र पांडेय भी मौजूद थे।