कबीरपुर गांव निवासी मनतारा देवी और पप्पू सोनकर पक्ष के बीच भूमिधरी भूमि को लेकर विवाद चल रहा है। कुछ माह पहले राजस्व विभाग ने भूमि का सीमांकन कर सीमा-चिह्न लगाए थे, लेकिन दूसरे पक्ष ने आपत्ति जताते हुए कथित रूप से उन चिह्नों को उखाड़ दिया। इसके बाद मनतारा देवी ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। न्यायालय ने राजस्व विभाग को चार सप्ताह के भीतर दोबारा सीमांकन कराने का निर्देश दिया था।
पीडीडीयू तहसील क्षेत्र अंतर्गत चंदरखा क्षेत्र के राजस्व निरीक्षक वीर बहादुर ने पुलिस को तहरीर देते हुए बताया कि उच्च न्यायालय के आदेश पर राजस्व टीम पुलिस बल के साथ शनिवार को कबीरपुर राल्हुपुर पैमाइश के लिए गई हुई थी। राजस्व टीम ने अभी सीमांकन की कार्रवाई शुरू की ही थी कि सतीश सोनकर शिवम सोनकर व सुशील सोनकर सनी सोनकर और संतोष सोनकर कार्रवाही का विरोध करने लगे। इस दौरान इन लोगों ने राजस्व टीम से जरीब छीन लिया और सीमांकन का काय रूकवाने लगे।
इस दौरान वहां मौजूद महिला आरक्षी रिंशु सिंह बीच बचाव करते हुए वीडियो बनाने के लिए जैसे ही अपना मोबाइल निकाली कि तभी उनकी घर की महिलाएं गीता देवी, नगीना कुमारी, सोनी देवी, घर के कुछ अन्य लोग आरक्षी का मोबाइल छीन लिये। इसके बाद महिला आरक्षी को जमीन पर पटककर गला दबाने लगे और मारने पीटने लगे। इससे बेहाश हो गई।
घटना को देखते हुए अन्य पुलिसकर्मी मौके के दौड़ पड़े। इस दौरान सभी ने राजस्व व पुलिस टीम पर पत्थराव शुरू कर दिया। पथराव में महिला आरक्षी दिव्या कनौजिया, अंशिका यादव, और कांस्टेबल सुनील गुप्ता घायल हो गए। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। पुलिस ने बल प्रयोग कर सभी को खदेड़ दिया। बाद में घायल महिला आरक्षी को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया।
घटना के बाद पुलिस ने आठ लोगों के विरूद्ध नामजद प्राथमिकी दर्ज की है। इस संबंध में सीओ अरुण कुमार सिंह ने बताया कि पथराव में चार पुलिसकर्मी घायल हैं। रिशु की हालत गंभीर है। मामले में कबीरपुर गांव निवासी सतीश सोनकर, शिवम सोनकर, सुनील सोनकर, सनी सोनकर, संतोष सोनकर, गीता देवी, नगीना देवी, सोनी पर नामजद प्राथमिकी दर्ज की गई है। इसके साथ अज्ञात लोगों पर भी प्राथमिकी दर्ज है। मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है।