2026 में उन्होंने दो पदक हासिल किए थे। उनके पिता ब्रजेश पाठक ने बताया कि 2018 में पदक जीतने के बाद उन्होंने चेन्नई में जीवी मावलंकर में कांस्य पदक जीता। 2021 में दूसरे पैरा नेशनल शूटिंग चैंपियनशिप में व्यक्तिगत स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीता। उन्होंने तीसरे और चौथे पैरा नेशनल शूटिंग चैंपियनशिप में तीन स्वर्ण जीते। 2022 में फ्रांस के सेटूरेक्स वर्ल्ड कप और कोरिया में टीम स्पर्धा में रजत पदक जीता। 2023 में चीन में एशियन गेम्स की शूटिंग प्रतियोगिता के फाइनल में पहुंचीं और सातवां स्थान हासिल किया।
शूटिंग रेंज आने-जाने में परेशानी, घर में बनाया शूटिंग रेंज
शूटिंग रेंज दूर होने के कारण उसे आने-जाने में परेशानी होती थी। इसलिए उनके पिता ने घर में ही 10 मीटर पिस्टल का रेंज बना दिया है। यहां वह हर रोज कम से कम तीन घंटे अभ्यास करती हैं। शूटिंग अभ्यास के अलावा वह ध्यान केंद्रित करने के लिए एक घंटे योग और हाथ की स्ट्रेंथनिंग का व्यायाम करती हैं।