अयोध्या विवाद पर आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद सियासी घमासान मचा हुआ है। वहीं भाजपा नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने ट्विटर पर अयोध्या के बाद बनारस में काशी विश्वनाथ मंदिर का स्थलीय निरीक्षण के लिए आने की जानकारी दी है। इसके बाद वाराणसी में सियासी पारा और चढ़ा हुआ है।
विज्ञापन
दरअसल, सुब्रमण्यम स्वामी ने सोमवार को अपने ट्विटर अकाउंट पर 23 नवंबर को अयोध्या आने की बात कही है, वहीं उसके बाद वाराणसी में आने की जानकारी दी है। उन्होंने कहा है कि वह काशी विश्वनाथ मंदिर क्षेत्र में 'स्पाट इनवेस्टिगेशन' के लिए आएंगे।
इससे काशी में सोशल मीडिया पर अयोध्या के बाद आगे के हालात को लेकर इसे सुब्रमण्यम स्वामी की नई पहल के रूप में लिया जा रहा है। वहीं सोशल मीडिया में भी काशी और मथुरा को लेकर सुब्रमण्यम स्वामी के बयान को लेकर भी सुबह से चर्चाओं का बाजार गर्म है।
काशी में 'स्पॉट इन्वेस्टीगेशन' को लेकर सुब्रमण्यम स्वामी के ट्वीट को लेकर उनके समर्थक अलग-अलग निहितार्थ निकाल रहे हैं। हालांकि सुब्रमण्यम स्वामी के बनारस आने के बाद ही 'स्पाट इन्वेस्टिगेशन' को लेकर बात का मतलब साफ होगा।