गुंजन का कॅरिअर तेजी से आगे बढ़ रहा था, लेकिन 2020 में आई कोरोना महामारी ने सब कुछ थाम दिया। लॉकडाउन में खेलकूद बंद हो गए, घर की आर्थिक स्थिति और बिगड़ गई, और उनकी एक बहन ब्रेन ट्यूमर जैसी गंभीर बीमारी से जूझने लगी। उस समय घर में सिर्फ बड़े भाई जिया लाल ही कमाने वाले थे, लेकिन उनकी आमदनी पूरे परिवार के लिए नाकाफी थी।
इन हालातों ने गुंजन को मजबूर किया कि वह फुटबॉल से दूरी बनाकर परिवार की ज़िम्मेदारी उठाएं। उन्होंने अपने सपनों को थोड़े समय के लिए किनारे रखकर फिटनेस ट्रेनिंग को कॅरिअर बनाने का फैसला किया। वर्ष 2020 में उन्होंने जिम में और लोगों के घर जाकर फिटनेस ट्रेनिंग देना शुरू किया। आज गुंजन न सिर्फ अपने परिवार का सहारा हैं, बल्कि बहन के इलाज का खर्च भी खुद उठा रही हैं। बीते पांच वर्षों में उन्होंने झोपड़ी से निकलकर दो मंजिला पक्का मकान खड़ा किया, जिसे वह अपना राजमहल मानती हैं।