यूपी पुलिस की सिपाही भर्ती परीक्षा 2018 में धांधली के मामले में एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्त में आए आरोपी की शिनाख्त बिहार के नालंदा के बिहार शरीफ निवासी राजेश कुमार के तौर पर हुई है। पुलिस का दावा है कि अभ्यर्थियों की जगह सॉल्वरों को बैठाने का जिम्मा राजेश कुमार लेता था। मंगलवार को राजेश को कैंट थाने की पुलिस अदालत में पेश करेगी।
यूपी पुलिस की सिपाही भर्ती 2018 की लिखित परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले अभ्यर्थियों का बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन बीते साल दिसंबर में पुलिस लाइन में हुआ था। 14 दिसंबर 2019 को खुलासा हुआ कि परीक्षा आयोजित कराने वाली टीसीएस कंपनी के कर्मचारियों की मिलीभगत से साल्वर गैंग ने अभ्यर्थियों की जगह मुन्ना भाइयों को लिखित परीक्षा में बैठाया था।
खुलासा होने के बाद कंपनी के एक कर्मचारी सहित छह आरोपियों को बारी-बारी से गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। प्रकरण में सॉल्वर उपलब्ध कराने वाले राजेश की एक अरसे से तलाश की जा रही थी। एसएसपी प्रभाकर चौधरी ने बताया कि एएसपी मोहम्मद मुश्ताक ने नदेसर चौकी इंचार्ज अशोक कुमार बीके नेतृत्व में एक टीम भेजी थी। गिरफ्त में आए आरोपी से पूछताछ की जा रही है। सामने आए तथ्यों के आधार पर प्रकरण में आगे की कार्रवाई की जाएगी।