शहर में बारिश आने वाली है। ऐसे में नगर निगम का नाला सफाई अभियान अभी अधर में है। हालत यह है कि शहर में जहां-जहां सफाई हो चुकी है, वहां नालों की सिल्ट सड़क पर फैली है। इस कारण बारिश के दिनों में सड़क पर कीचड़ होना तय है। सिल्ट से आम लोगों को मुसीबत का सामना करना पड़ रहा है। कई इलाकों में तो बाकायदा सिल्ट का पहाड़ सा खड़ा हो गया है। समय रहते इन सिल्ट को नहीं उठाया गया तो बारिश में ये सिल्ट फिर बहकर नालों में वापस चले जाएंगे।
नगर निगम की ओर आम जनता की सेहत के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। यही नहीं, सड़कों पर सिल्ट से कीचड़ भी हो जाता है। इससे आए दिन लोग हादसों का शिकार हो जाते हैं। अब देखना होगा कि इससे निगम का नाला सफाई अभियान अपने लक्ष्य तक पहुंचेगा या नहीं। यह 30 जून को पता चलेगा। इस लापरवाही से सफाई की सारी कवायद बेमानी हो जाती है। बीमारी और बदबू का कारण भी सिल्ट बन रहे हैं।
जिन इलाकों में सिल्ट निकालकर छोड़ा गया है वहां के आसपास के घरों में काफी बदबू है। बावजूद इसके, निगम का ध्यान इस समस्या पर नहीं जाता है। निगम के अनुसार 30 जून तक नालों की सफाई होनी है। लेकिन 24 जून तक भी अधिकतर नालों की हालत जस की तस है। कई नालों के बाहर जगह-जगह सिल्ट और गंदगी का अंबार लगा है।