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किसानों को नहीं मिला खाद-बीज

Wed, 23 Nov 2016 02:04 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, वाराणसी
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जगतपुर में बंद एसबीआई एटीएम।
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खाद-बीज खरीदने के लिए केंद्र सरकार की 500 के पुराने नोट लिए जाने की घोषणा के बाद भी मंगलवार को कई स्थानों पर किसानों को निराश लौटना पड़ा। हालांकि जिला कृषि अधिकारी सुभाष मौर्य ने कहा कि 500 रुपये के नोट से किसानों ने खाद-बीज खरीदा है। 1000 रुपये के नोट लेने के लिए आदेश नहीं आया है। राजकीय बीज गोदाम जंसा प्रभारी नरेंद्र नाथ मिश्र ने बताया कि 500 रुपये के नोट से किसानों ने खाद बीज खरीदे। पहले 5 से 7 क्विंटल और अब 15 क्विंटल बीज की बिक्री हुई।
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दीनदासपुर के किसान सुशील सिंह, नीरज पांडेय, अनिल मिश्र, जितेंद्र दूबे ने इसे किसानों के लिए हितकर बताया। उधर, पीसीएफ के किसान सेवा केंद्र मिल्कीचक से किसान शिवमूरत यादव, बजरंगी प्रसाद बनवारी ने गेहूं के बीज लिए। राजातालाब के किसान सेवा केंद्र प्रभारी सुधीर कुमार ने कहा कि अभी पुराने नोट से खाद देने से मना किया गया है। चौबेपुर में साधन सहकारी समितियों पर बीज खाद पुराने नोटों से नहीं मिली। अजावं गांव के किसान मदन गोपाल उपाध्याय, रामराज मौर्य, कादीपुर के रमाशंकर मौर्य, टाड़ के कन्हैया यादव ने कहा कि उन्हें खाद-बीज नहीं मिला। चौबेपुर, कादीपुर, चंद्रावती, कैथी, धौरहरा, मुनारी, भगतुआ, जाल्हूपुर आदि कस्बों में पुराने नोटों से खाद बीज नहीं मिले। किसानों को केंद्रों से मायूस लौटना पड़ा।


शहर के साथ ही ग्रामीण इलाकों में भी लोगों को मारामारी करनी पड़ रही है। इसमें सबसे बड़ी समस्या काशी गोमती संयुत ग्रामीण बैंक की है। बैंक के रोहनिया, रामनगर शाखा, जाल्हूपुर आदि शाखाओं पर न तो पूरा पैसा मिल रहा है और न ही सही नोट मिल रहे है। यहां यूनियन बैंक की ओर से पूरा पैसा भी नहीं भेजा जा रहा है। क्षेत्रीय प्रबंधक श्रीकांत उपाध्याय ने बताया कि लोगों की समस्या से यूनियन बैंक को अवगत कराया जा चुका है।
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लोहता क्षेत्र के एसबीआई, बैंक आफ बड़ौदा, इलाहाबाद बैंक, यूको बैंक में पैसा बदलवाने वालों की भीड़ लग रही है। साड़ी व्यवसायी वकील अहमद, भोला गुप्ता, अमरनाथ मौर्य ने बैंक प्रबंधन से खाताधारकों को सहूलियत देने की मांग की। दानगंज के नियार स्थित एसबीआई बैंक की शाखा में सुबह सात बजे से ही महिला-पुरुषों को शाम तक पैसा नहीं मिल पा रहा है। उधर, नागेपुर के प्रधान पारस राजभर ने आरोप लगाया कि गांव की यूबीआई शाखा से खाताधारकों को रुपये नहीं मिल रहे हैं। बैंक के लोग अनावश्यक गांव के लोगों को परेशान कर रहे हैं। गांव के धर्मेंद्र राजभर और लालजी पटेल के घर 23 नवंबर को शादी है, दोनो लोग 10 दिन से बैंक का चक्कर लगा रहे हैं लेकिन बैंककर्मी दो हजार रुपये ही दे रहे है।
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