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Varanasi: जिला अस्पताल में बढ़ी सुरक्षा, पिटाई की घटना से स्वास्थ्य कर्मियों में नाराजगी; FIR का इंतजार

Thu, 07 Nov 2024 11:40 AM IST
प्रगति चंद अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

वाराणसी के दीनदयालल उपाध्याय जिला अस्पताल में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। यहां मरीज के परिजनों द्वारा डॉक्टर व पैरामेडिकल स्टाफ की पिटाई को लेकर यह व्यवस्था की गई है। उधर, स्वास्थ्य कर्मियों को घटना के संबंध में मुकदमा दर्ज होने का इंतजार है। 
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वाराणसी जिला अस्पताल - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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दीनदयाल उपाध्याय जिला अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर में मंगलवार को पिटाई की घटना के बाद बुधवार को अस्पताल की सुरक्षा बढ़ा दी गई। यहां कैंट थाने से जहां महिला, पुरुष पुलिस कर्मी मौजूद रहे वहीं होमगार्डों, पूर्व सैनिकों की ड्यूटी लगाई गई है। साथ ही अब अस्पताल में एक मरीज के साथ एक तीमारदार को रखने और ट्रॉमा सेंटर, एक्सरे में प्रवेश के लिए अलग द्वार भी बनाया गया है। 

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ट्रॉमा सेंटर के बाहर पंजीकरण काउंटर भी बनाया गया है। हालांकि मामले में अब तक मुकदमा दर्ज न होने को लेकर डॉक्टरों, पैरामेडिकल स्टाफ में नाराजगी है। उन्हें सुरक्षा की चिंता भी सता रही है। इधर बुधवार को ट्रॉमा सेंटर के साथ ही अस्पताल की ओपीडी सामान्य रुप से चलती नजर आई।

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ये है मामला

जिला अस्पताल में मंगलवार को एक महिला मरीज के परिजनों ने ट्रॉमा सेंटर में तैनात डॉ. परवेज अहमद और पैरामेडिकल स्टाफ की पिटाई कर दी थी। इसके बाद डॉक्टर ने सीएमएस से मिलकर मुकदमा दर्ज करवाने की मांग की थी। लाख प्रयास के बाद अब तक मुकदमा नहीं हो सका। इधर डॉ. परवेज ने बताया कि बुधवार को भी उन्होंने सीएमएस से मामले में कार्रवाई की मांग की। 

बताया कि सीएमएस की ओर से कोई सकारात्मक जवाब नहीं मिला। इस मामले में प्रांतीय चिकित्सा सेवा संघ वाराणसी शाखा के सचिव डॉ. आरएन सिंह ने बताया कि जिला अस्पताल में जिस तरह की घटना हुई, इससे सुरक्षा और प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़ा हो रहे हैं। अस्पताल प्रशासन को सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान देना चाहिए। 

सीएमओ डॉ. संदीप चौधरी का कहना है कि जिला अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर के साथ ही ओपीडी में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने और मामले में कार्रवाई के लिए सीएमएस को कठोर कदम उठाने चाहिए। अस्पताल में व्यवस्थाओं की निगरानी की जिम्मेदारी भी उनकी ही है।
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