पहले चरण में कैंट से भारत माता मंदिर तक रूट तय किया गया है। इसमें कैंट और काशी विद्यापीठ स्टेशन बनवाए जाएंगे। इसके बाद भारत माता मंदिर से रथयात्रा और लक्सा तक के रूट पर काम होगा। हालांकि अंतिम चरण में लक्सा से गोदौलिया का काम कराया जाना है।
वाराणसी विकास प्राधिकरण के अधिकारियों की देखरेख में काम चल रहा है। रोपवे निर्माण के लिए पंद्रह मई तक जमीनों का बैनामा होना है। इसके लिए भी जो भी कागजी कार्रवाई करनी है, वह भी अंतिम दौर में हैं। इसी तिथि तक काम पूरा करने की दिशा में प्राधिकरण भी काम शुरू कर दिया है। इसमें सबसे पहले निजी संपत्तियों का बैनामा होगा, इसके बाद सरकारी संपत्तियों के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र लेने की प्रक्रिया शुरू होगी।