Tata Research Fellowship: बीएचयू कृषि विज्ञान संस्थान के डेयरी विज्ञान और खाद्य प्रौद्योगिकी विभाग और टाटा कंज्यूमर प्रोडक्ट्स लिमिटेड (टीसीपीएल) के बीच समझौता हुआ है। इसके तहत छात्र-छात्राओं के लिए टाटा रिसर्च फेलोशिप प्रोग्राम शुरू किया जाएगा।
फेलोशिप के तहत विद्यार्थियों को शोध करने में वित्तीय मदद मिलेगी। बीएचयू में हुए समझौते के दौरान समझौता पत्र पर टीसीपीएल की ओर से ग्लोबल हेड विकास गुप्ता और बीएचयू के कुलसचिव प्रो. अरुण कुमार सिंह ने हस्ताक्षर किए।
टाटा रिसर्च फेलोशिप कार्यक्रम उन विद्वानों को समर्थन देने के लिए बनाया गया है जो खाद्य प्रसंस्करण और स्थिरता के क्षेत्र में अभिनव समाधान विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। विकास गुप्ता ने बताया कि यह एक प्रतिष्ठित कार्यक्रम है जो अंतःविषय अनुसंधान को प्रोत्साहित करता है और खाद्य प्रौद्योगिकी और संबद्ध क्षेत्रों में अत्याधुनिक विकास को बढ़ावा देता है।
डेयरी विज्ञान और खाद्य प्रौद्योगिकी विभाग, बीएचयू की एक शोध छात्रा इशिता नाग को साक्षात्कार और मूल्यांकन के दो दौर को पार करने के बाद फेलोशिप के लिए चुना गया। चयन प्रक्रिया में 15 मेधावी छात्रों ने मूल्यांकन में भाग लिया।
कुलसचिव प्रो. अरुण कुमार सिंह ने कहा कि विश्वविद्यालय हमेशा शोध उत्कृष्टता को बढ़ावा देने में अग्रणी रहा है और इस बात पर जोर दिया कि इस तरह के सहयोग विश्वविद्यालय की वैश्विक शैक्षणिक स्थिति को बढ़ाते हैं। प्रो. यूपी सिंह ने कहा कि एमओयू न केवल हमारे संस्थान के लिए गौरव की बात है, बल्कि नवोदित शोधकर्ताओं को अपने-अपने क्षेत्रों में उत्कृष्टता प्राप्त करने की प्रेरणा भी मिलेगी।