ई रिक्शा रोड ट्रांसपोर्ट सिस्टम के लिए तैयार किए जा रहे वरुणा किनारे की सड़क को एक साल बाद भी शुरू नहीं किया जा सका, जबकि इस पर विकास प्राधिकरण ने करीब एक करोड़ रुपये खर्च कर दिया है। दो स्थानों पर बने ब्रिज के कनेक्ट नहीं होने से सड़क पर परिवहन शुरू करा पाना मुश्किल लग रहा है। बता दें कि कचहरी से खिड़किया घाट को जोड़ने के लिए वरुणा किनारे बनाई गई सड़क को विकल्प के रूप में तैयार किया जा रहा है। मगर, एक साल का समय बीतने के बाद भी सड़क ई रिक्शा के लिए नहीं शुरू हो पाई।
आईएमएस के लिए गठित कमेटी ने रिपोर्ट नहीं दी है। मंगलवार को कमेटी के सदस्यों से बात की जाएगी और तीन दिन में रिपोर्ट के लिए निर्देश दिया जाएगा। - कौशल राज शर्मा, जिलाधिकारी वाराणसी।
एक स्टेशन से यात्रा के होंगे चार विकल्प
आईएमएस बनने के बाद यहां पहुंचने वाले लोगों को शहर में आवागमन के चार विकल्प होंगे। रोड ट्रांसपोर्ट में टैक्सी, सिटी बस, ऑटो आदि की सुविधाएं होगी। रेल से अन्य शहरों और मेट्रो से शहर के अंदर विभिन्न स्थानों तक आवागमन की सुविधा होगी। इनलैंड वाटर ट्रांसपोर्ट भी विकसित किया जाएगा। इसके लिए गंगा के कई घाट विकसित किए जाएंगे। चारों तरह के ट्रांसपोर्ट का यहां ट्रांजिट होगा।