वाराणसी के बरेका में विजयादशमी पर दो साल के बाद दशानन के पुतले का दहन होगा। दशहरे के दिन दहन होने वाले रावण, मेघनाद व कुंभकर्ण के पुतलों का निर्माण
करने में मंडुवाडीह के मुस्लिम कारीगर जुटे हैं। केंद्रीय खेल मैदान पर आयोजित होने वाले दशहरा मेला की तैयारियां शुरू हो गई हैं। ढाई घंटे तक चलने वाले रूपक का रिहर्सल भी किया जा रहा है।
विजयादशमी समिति के निदेशक एसडी सिंह ने बताया की इस बार रावण के पुतले की ऊंचाई 70 फीट, मेघनाद की 65 फीट और कुंभकर्ण के पुतले की ऊंचाई 60 फीट होगी। तीनों पुतलों के निर्माण में मंडुवाडीह निवासी शमशाद अपने सहयोगी कारीगरों के साथ लगे हुए हैं। मोनो एक्टिंग पर रामचरित मानस की चौपाइयों पर होने वाले रूपक के लिए बरेका इंटर कालेज के छात्र व छात्राएं जुटे हैं। बरेका परिसर स्थित संस्थान हाल में रामचरितमानस की चौपाइयों पर आधारित रूपक मोनो एक्टिंग को राम वन गमन से लेकर सीता अग्नि परीक्षा तक की लीला को पांच दृश्यावलियों में बांटा गया है। बरेका स्टेडियम में मंच से सभी पात्रों के संवाद बोले जाएंगे। खेल मैदान में अयोध्या, पंचवटी, शबरी आश्रम, किष्किंधा, अशोक वाटिका, लंका अलग-अलग बनाया जाता है।