पश्चिमी विक्षोभ बनारस समेत आसपास के इलाकों में शुक्रवार की दोपहर सक्रिय हो गया। करीब 25 से 30 किलोमीटर की रफ्तार से उत्तर पश्चिमी हवाओं के चलने से मौसम का रुख बदल गया और आसमान में छाए बादल रात
11 बजे बरसने लगे। यह विक्षोभ के साथ बह रही हवाओं का ही असर था कि गरज-चमक के साथ हुई बारिश से मौसम की तासीर बदल गई।
मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि शिमला, जम्मू कश्मीर में हुई बर्फबारी के बाद हवाओं के असर से बदला मौसम होली पर रंगों के साथ बौछार करने के लिए तैयार है। बाबतपुर मौसम विभाग के अनुसार शुक्रवार को अधिकतम तापमान जहां 28 डिग्री सेल्सियस रहा वहीं न्यूनतम तापमान में दो डिग्री की गिरावट दर्ज की गई। शनिवार से रविवार तक मौसम के बदले मिजाज का असर रहेगा।
यह मौसम विधानसभा चुनाव के सियासी तापमान पर भी अपना असर डालेगा। बीएचयू के ग्रामीण कृषि मौसम सेवा इकाई के मौसम विशेषज्ञ डॉ. राजीव भाटला ने बताया कि हवाएं सतह से लेकर करीब डेढ़ किलोमीटर उचाई तक 25 से 30 किलोमीटर की रफ्तार से बह रही हैं। पिछले सप्ताह से मौसम में बनी हुई गर्माहट और नम हवाओं के मेल की टकराहट से आसमान में बादल छाए रहे और रात में गरज-चमक के साथ बारिश शुरू हो गई। हालांकि ये बादल टिकाऊ नहीं होंगे लेकिन अगले दो दिन के भीतर बनारस समेत मिर्जापुर, सोनभद्र, चंदौली, गाजीपुर, बलिया, मऊ, आजमगढ़, जौनपुर में हल्की बौछारों से तर बतर कर सकते हैं।