अनुपमा आंगनबाड़ी कार्यकर्ता थीं। मामले की जानकारी सुबह दस बजे हुई जब पति काम से घर लौटा। देखा तो पत्नी खून से लथपथ पड़ी थी। हत्या की सूचना पर एडीसीपी नीतू कात्यान, एसीपी नितिन तनेजा पहुंचे और जांच की। फॉरेंसिक टीम ने भी साक्ष्य जुटाए। पति ने शिवपुर थाने में अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है।
पुलिस को तहरीर में शैलेश कुमार पटेल ने बताया कि बृहस्पतिवार सुबह पांच बजे दूध सप्लाई के लिए घर से निकला था। दस बजे लौटा तो देखा कि कमरा खून से सना था और अनुपमा मृत पड़ी थी। चेहरे पर कई जगह कट के निशान थे। शोर मचाने पर आसपास के लोग जुटे।
रिश्तेदार शुभम पटेल ने 112 नंबर पर कॉल किया। अनुपमा की शादी 15 वर्ष पहले हुई थी। छोटा भाई कमलेश, मां बेला देवी और पिता विक्रम पटेल गांव में रहते हैं, जबकि शैलेश और अनुपमा कुछ दूरी पर बनाए गए निजी मकान में रहते थे।
सास बेला देवी ने बताया कि सुबह टहलते समय बहू को झाड़ू लगाते देखा था। कुछ देर बाद मोहल्ले में रहने वाला 8 साल का बच्चा दूध का पैकेट लेने आया था। थाना प्रभारी वीरेंद्र सोनकर ने बताया सीसीटीवी कैमरे की फुटेज और सीडीआर समेत अन्य तकनीक माध्यमों की मदद से जांच की जा रही है।