वाराणसी जिला पुलिस के 180 सिपाही कहां तैनात हैं, इसकी जानकारी महकमे को नहीं है। खोजबीन के बाद भी विवरण न मिल पाने पर जानकारी एसएसपी को दी गई तो उन्होंने संबंधित सभी सिपाहियों का वेतन रोक दिया।
एसएसपी ने निर्देश दिया है कि जब तक सिपाहियों के बारे में और उनकी तैनाती स्थल से जुड़ा विवरण न मिल जाए किसी के वेतन का भुगतान नहीं किया जाएगा।
एसएसपी नितिन तिवारी ने गुरुवार को अपने कार्यालय में बताया कि पुलिस मैनेजमेंट साफ्टवेयर में जिले के सभी पुलिसकर्मियों से संबंधित विवरण फीड किया जा रहा है। इससे एक क्लिक पर जिले में तैनात किसी भी पुलिसकर्मी का विवरण उच्चाधिकारियों के सामने होगा।
इसके साथ ही इस साफ्टवेयर के माध्यम से पुलिसकर्मियों के तबादले और वीवीआईपी ड्यूटी आदि भी आसानी से लगाई जा सकेगी। डाटा फीडिंग का काम पूरा हुआ तो सामने आया कि 180 सिपाही ऐसे हैं जो वेतन तो हर माह ले रहे हैं लेकिन उनकी तैनाती स्थल के बारे में कोई जानकारी उपलब्ध नहीं है। इसलिए विवरण उपलब्ध होने तक सभी का वेतन रोकने का निर्देश दिया गया है।