काशी में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पंचक्रोशी यात्रा के दौरान शनिवार को भीमचंडी, रामेश्वर, पांचों पांडवा और कपिलधारा पड़ाव पर कांग्रेस पार्टी के नेता और कार्यकर्ता उन्हें ज्ञापन देने पहुंचे थे। विरोध-प्रदर्शन की आशंका के मद्देनजर पुलिस ने कांग्रेसियों को गिरफ्तार कर लिया।
इसके बाद सभी को रोहनिया, बड़ागांव, कैंट और सारनाथ थाने भिजवाया गया। वहीं, नगर क्षेत्र में ज्ञापन देने जा रहे कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं को चौक में रोक दिया गया। मुख्यमंत्री के सर्किट हाउस वापस पहुंचने के बाद सभी को निजी मुचलके पर छोड़ दिया गया।
भीमचंडी पड़ाव पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्रक देने पहुंचे कांग्रेसियों का आरोप था कि पंचक्रोशी परिक्रमा मार्ग की स्थिति अत्यंत दयनीय है। धर्मशालाएं टूटी हुई हैं और तालाबों में गंदा पानी भरा हुआ है। पुलिस ने समझाबुझाकर शांत कराना चाहा लेकिन कोई सुनने को तैयार नहीं था।
इस पर पुलिस ने आनंद सिंह उर्फ रिंकू सिंह, आराजी लाइन के पूर्व प्रमुख आलोक पांडे, आराजी लाइन के ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष अशोक सिंह, नीरज पांडे, संजीव सिंह सहित दर्जन भर से ज्यादा लोगों को पुलिस गिरफ्तार कर रोहनिया थाने ले गई।
रामेश्वर पड़ाव सेवापुरी विधानसभा क्षेत्र के कांग्रेस नेता हर्षवर्धन सिंह के नेतृत्व में दर्जन भर से ज्यादा कांग्रेसी ज्ञापन देने पहुंचे। पुलिस ने सभी को गिरफ्तार कर बड़ागांव थाने भेज दिया। गिरफ्तार होने वालों में हर्षवर्धन सिंह, मनोज सिंह, दिनेश यादव, योगेश मिश्र, गणेश यादव, नागेश्वर पटेल, अरविंद सिंह, अरुण सिंह सहित अन्य शामिल रहे।
पांचों पांडवा पड़ाव पर मनीष चौबे के नेतृत्व में कांग्रेसी पत्रक देने पहुंचे थे। पुलिस पहले सभी को गिरफ्तार कर शिवपुर थाने ले गई। इसके बाद सभी को कैंट थाने ले जाया गया। इसी तरह कपिलधारा पड़ाव पर पहुंचे कांग्रेसियों को भी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
कांग्रेस के पूर्व विधायक अजय राय और जिलाध्यक्ष प्रजानाथ शर्मा का कहना है कि हम लोगों को जब मिलने की अनुमति दी गई थी तो फिर प्रशासन ने अपनी गलतियों को छुपाने के लिए हमारे कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कराया है।