प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गढ़ में कांग्रेसजनों ने पदयात्रा निकाल केंद्र और प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर हल्ला बोला। पार्टी की स्थापना दिवस पर यहां तीन मंडलों के पदाधिकारी और कार्यकर्ता जुटे।
पार्टी ने इस यात्रा को अभाव मिटाओ-सद्भाव बढ़ाओ नाम दिया था। कटिंग मेमोरियल स्कूल के मैदान पर कांग्रेसजनों का जुटान हुआ।
वहां हुई सभा में वक्ताओं ने प्रदेश और केंद्र सरकार की जनविरोधी नीतियों पर तीखे हमले किए। पार्टी विधायक अजय राय की गिरफ्तारी को सियासी साजिश का हिस्सा बताया। विधायक की रिहाई की मांग के साथ मिंट हाउस से निकली पदयात्रा अंधरापुल, लहुराबीर होता हुए टाउनहाल पहुंचकर समाप्त हुई।
मैदान तो नहीं मगर मंच भर गया विशाल पदयात्रा के लिए पार्टी पिछले एक हफ्ते से तैयारी कर रही थी। भीड़ जुटाने के लिए ही पार्टी ने इस आंदोलन में वाराणसी के अलावा मिर्जापुर और आजमगढ़ मंडल को इसमें जोड़ा। वरिष्ठ नेताओं ने गांव-गांव जाकर जनसंपर्क किया। लोगों से इस आंदोलन का हिस्सा बनने की अपील भी की। मगर तीन मंडलों से कांग्रेस कार्यकर्ताओं की अपेक्षित भीड़ नहीं जुट सकी। हालांकि मंच पूरी तरह से पैक दिखा। संचालक को कई दफा मंच खाली करने की गुहार भी लगानी पड़ी। हर नेता मंच पर बड़े नेताओं के पास बैठने, सेल्फी लेने, फोटो खिंचाने में व्यस्त था।
प्रदेश अध्यक्ष ने गिनाया विधायकों का नाम ःप्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष निर्मल खत्री ने प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए अपने विधायकों और नेताओं का नाम गिनाया। उन्होंने कांग्रेस विधायक अजय राय की गिरफ्तारी का मुद्दा उठाया और कहा कि विधायक को न्याय मिलने तक पार्टी का आंदोलन जारी रहेगा। कांग्रेस महासचिव और प्रदेश के प्रभारी मधुसूदन मिस्त्री ने भी पांच मिनट के अपने भाषण में प्रदेश और केंद्र की नीतियों पर कड़ा हमला बोला। कहा कि वाराणसी से यह शुरुआत है। यूपी और केंद्र में हम अन्याय का शासन नहीं चलने देंगे।