वाराणसी। आईएमएस बीएचयू में डॉक्टरों ने जटिल सर्जरी कर महिला और नवजात की जान बचाई। करीब ढाई घंटे तक चली सर्जरी के बाद महिला और बच्चा दोनों स्वस्थ हैं।
प्रसव पीड़ा से परेशान करीब 30 वर्षीय महिला को परिजन स्त्री रोग विभाग में लेकर आए। विभागाध्यक्ष प्रो. संगीता राय ने बताया कि जांच के दौरान पता चला कि महिला की बच्चेदानी के बाहर प्लेसेंटा आ गया था और पेशाब की थैली से चिपक गया था। इस परिस्थिति में सर्जरी करना इसलिए भी जटिल हो जाता है क्योंकि ज्यादा खून बहने से मरीज व नवजान दोनों की जान का खतरा रहता है। सोमवार को रेडियोलॉजी विभाग के डीएसए यानी डिजिटल सबस्ट्रैक्शन एंजियोग्राफी लैब में सर्जरी की गई। इस दौरान महिला के बच्चेदानी की नस में एक कैथेटर डाला गया, जिससे कि उसके शरीर से खून ज्यादा बाहर न निकल पाए और खून का प्रवाह सामान्य तरीके से होता रहे। फिर सर्जरी कर बच्चे को सुरक्षित निकाला गया। इसके बाद महिला की बच्चेदानी निकाली गई।
टीम में ये डॉक्टर रहे शामिल : प्रो. संगीता राय के निर्देशन में हुई सर्जरी में यूरोलॉजी से डॉ. उज्ज्वल, रेडियोलॉजी से डॉ. आशीष वर्मा, डॉ. पीके सिंह, डॉ. ईशान कुमार, एनेस्थीसिया से डॉ. अरुण के साथ ही एमसीएच विंग के रेजिडेंट व नर्सिंग स्टाफ का भी सहयोग रहा। ब्यूरो