वाराणसी के लंका थाना क्षेत्र के नगवा में पेंटर सोनू यादव की गोली लगने से हुई मौत के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी गोपी चंद्र चौरसिया को लंका से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से घटना में प्रयुक्त पिस्टल भी बरामद की है। आरोपी को रविवार को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया।
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी गोपी चंद्र चौरसिया उच्च शिक्षित है। उसने हिंदी विषय में शोध कार्य पूरा किया है। हाल ही में उसने अपना शोध प्रबंध बीएचयू में जमा किया था। पुलिस मामले की विवेचना जारी रखे हुए है। पिस्टल के स्रोत का पता लगाया जा रहा है और सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।
प्रभारी निरीक्षक राजकुमार शर्मा ने बताया कि गोपी चंद्र को पिस्टल उपलब्ध कराने वाले व्यक्ति की तलाश जारी है। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह अवैध पिस्टल लेकर नगवा स्थित एक मकान में पहुंचा था। वहां निर्माण और रंगाई-पुताई का कार्य चल रहा था। पिस्टल देखने और उसे चलाने के दौरान अचानक गोली चल गई।
यह गोली सामने खड़े पेंटर सोनू यादव को जा लगी। गंभीर रूप से घायल सोनू को अस्पताल ले जाया गया था। वहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद आरोपी फरार हो गया था। पुलिस लगातार दबिश दे रही थी। जांच और सर्विलांस की मदद से उसे गिरफ्तार किया गया।
इस मामले में एक अन्य आरोपी, जिसने आरोपी को असलहा मुहैया कराया था, उसकी तलाश की जा रही है। आरोपी बीएचयू का शोध छात्र है और दिलदारनगर, गाजीपुर का निवासी है। घटना में प्रयुक्त पिस्टल बरामद कर ली गई है। घटना नौ जून की है। इस मामले में मृतक के परिजनों ने हत्या के आरोप में प्राथमिकी दर्ज कराई थी।