रंगदारी व मारपीट के मुकदमे में सुलह के बाद भी गिरफ्तारी का दबाव बनाने और धारा हटाने से इन्कार करके 20 हजार रुपये घूस लेने के आरोप में राजातालाब चौकी प्रभारी धर्मेंद्र कुमार शुक्ला को सोमवार को गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी प्रभारी के खिलाफ मिर्जामुराद थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया है। आरोप है कि प्रभारी ने पुलिस चौकी में बुलाकर घूस ली, जहां से एंटी करप्शन की टीम ने दबोच लिया। दरोगा को 29 दिन पहले ही चौकी प्रभारी की जिम्मेदारी मिली थी। हाल ही में घूसखोरी के आरोप में मड़ौली चौकी प्रभारी अजय यादव को गिरफ्तार करके जेल भेजा गया था। जनवरी से अब तक 27 पुलिस कर्मियों के खिलाफ भ्रष्टाचार व अनुशासनहीनता के आरोप में कार्रवाई हो चुकी है।
तकिया के नीचे रखवाए घूस के रुपये, फिर गिनती करते पकड़ा गया
राजातालाब थाना क्षेत्र के भीमचंडी निवासी धर्मेंद्र गुप्ता, श्यामलाल गुप्ता और जय मोदनवाल के बीच जमीन का विवाद था। जय ने धर्मेंद्र गुप्ता, श्यामलाल गुप्ता समेत पांच के खिलाफ छह जून को मारपीट समेत साठ हजार रुपये रंगदारी मांगने समेत अन्य आरोपों में मुकदमा दर्ज कराया था। बाद में समझौता हो गया। कचहरी में हुए समझौते की एक कॉपी हाईकोर्ट भेजी गई, फिर समझौता पत्र राजातालाब चौकी प्रभारी धर्मेंद्र शुक्ला को सौंप दी गई। आरोप है कि चौकी प्रभारी रंगदारी की धारा हटाने के लिए तैयार नहीं थे। गिरफ्तार करने पर अड़े थे। बाद में घूस मांगने लगे। इस बीच मामले की शिकायत एंटी करप्शन की वाराणसी मंडल इकाई से गई। एंटी करप्शन ने जाल बिछाया और पीड़ितों को 20 हजार रुपये लेकर राजातालाब चौकी पर जाने का सुझाव दिया। चौकी प्रभारी ने रुपये हाथ नहीं पकड़े और पास ही तकिया के नीचे रखवा दिया। पीड़ितों के चौकी से बाहर जाते ही प्रभारी ने तकिया के नीचे रखे रुपये निकाले और उनकी गिनती शुरू कर दी। इसी बीच एंटी करप्शन की टीम ने चौकी प्रभारी को दबोच लिया। टीम के मुताबिक, चौकी प्रभारी का हाथ धुलवाया गया तो रुपये में लगे विशेष केमिकल सामने आ गए। गिरफ्तार करने वाली टीम में इंस्पेक्टर योगेंद्र कुमार सिंह, इंस्पेक्टर अजीत कुमार सिंह, निरीक्षक राकेश बहादुर, हेड कांस्टेबल शैलेंद्र राय, सुमित कुमार आदि रहे।
दो क्विंटल चीनी से 20 किलो पर आ गया चौकी प्रभारी
मुकदमे में वादी जय और प्रतिवादी धर्मेंद्र, श्यामलाल का आरोप है कि राजातालाब चौकी प्रभारी कोड वर्ड में घूस की मांग करते थे। फोन करके कहते थे कि दो क्विंटल चीनी पहुंचा दो...यानी की दो लाख रुपये देना है।बात नहीं बनी तो एक क्विंटल चीनी यानी एक लाख रुपये लेने के लिए तैयार हो गए। इससे इन्कार किया गया तो 20 किलो चीनी यानी 20 हजार रुपये लेने के लिए पुलिस चौकी बुला लिया।
प्रतापगढ़ के कुंडा का है आरोपी चौकी इंचार्ज
लोगों ने समझा चौकी पर हो गई मारपीट
चौकी से खींचकर दरोगा को निकाला बाहर
एंटी करप्शन की टीम से प्रभारी उलझ गया। चौकी से बाहर नहीं निकल रहा था तो टीम ने उसे खींचकर बाहर निकाला और मिर्जामुराद थाने ले जाकर पूछताछ की और मुकदमा दर्ज कराके पुलिस के हवाले कर दिया।