घटनास्थल पर मौजूद पुलिस व अधिकारी
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लखनऊ में गुरुवार को गोली मारकर जान देने की सूचना दरोगा निर्मल कुमार चौबे (53) के गांव पलहीपट्टी के ग्रामीणों को मिली तो सभी स्तब्ध रह गए। वहीं, बेटे की खुदकुशी की खबर से उनकी 75 वर्षीय मां विद्या देवी बेखबर रहीं। ग्रामीणों का कहना था कि वृद्धा अपने बेटे की आत्महत्या का गम नहीं सह पाएंगी। परिवार के अन्य लोगों के आने पर ही उन्हें इस दुखद घटना की जानकारी दी जाएगी।
चोलापुर थाना अंतर्गत पलहीपट्टी गांव निवासी निर्मल कुमार चौबे पुलिस विभाग में 15 अगस्त 1987 को भर्ती हुए थे। पत्नी निरुपमा देवी और दो बेटों के साथ वह लंबे समय से लखनऊ के चिनहट क्षेत्र में रहते थे। पड़ोसियों ने बताया कि निर्मल चार भाईयों में सबसे बड़े थे और सभी भाई बाहर ही रहते हैं।
घर पर उनकी मां विद्या देवी अपनी एक नातिन के साथ रहती हैं। पड़ोसियों के अनुसार निर्मल बेहद सुलझे हुए और मिलनसार किस्म के थे। जब कभी उनका गांव आना-जाना होता था तो सभी का हालचाल लेते थे। ग्रामीणों ने कहा कि पता नहीं निर्मल ने ऐसा आत्मघाती कदम क्यों उठाया...?
वहीं पड़ोसी इस बात का भी ध्यान रख रहे थे कि निर्मल की आत्महत्या की खबर कोई जाकर उनकी बूढ़ी मां को न बता दे। बेटे की आत्महत्या से बेखबर मां अपनी नातिन के साथ रोजमर्रा के घरेलू काम में लगी हुईं थीं।