आजमगढ़। कलेक्ट्रेट सभागार में बृहस्पतिवार को जिला स्वास्थ्य समिति की समीक्षा बैठक जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार की अध्यक्षता में हुई। स्वास्थ्य सेवाओं की प्रगति की समीक्षा में लापरवाही पर डीएम ने आशा भुगतान संबंधी प्रस्तुति में तथ्य छुपाने पर एनएचएम के डीपीएम का वेतन रोकने के निर्देश दिए। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मुबारकपुर में एक माह में मात्र तीन प्रसव होने पर नाराजगी जताई। सभी एमओआईसी को प्रति माह कम से कम 15 संस्थागत प्रसव सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। वहीं मेहनगर के एमओआईसी के स्थानांतरण का निर्देश दिया।
डीएम ने कहा कि मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके तहत शत-प्रतिशत टीकाकरण, गर्भवती महिलाओं का पंजीकरण और एचएमआईएस पोर्टल पर डेटा फीडिंग अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए। जिन क्षेत्रों में टीकाकरण की स्थिति कमजोर है, वहां विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए। टीबी उन्मूलन अभियान की समीक्षा में बताया कि 24 मार्च से 1 जुलाई 2026 तक विशेष अभियान चलाया जा रहा है, जिसमें संदिग्ध मरीजों की पहचान कर जांच व उपचार किया जा रहा है तथा मरीजों को पोषण पोटली वितरित की जा रही है। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि जन औषधि केंद्रों पर उपलब्ध दवाओं की सूची बाहर प्रदर्शित की जाए और चिकित्सक बाहर की दवाएं न लिखें। साथ ही आयुष्मान कार्ड निर्माण में तेजी लाने के लिए विशेष अभियान चलाने को कहा। आशा कार्यकर्ताओं के भुगतान की समीक्षा में डीएम ने समय से भुगतान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी परीक्षित खटाना, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एनआर वर्मा सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।