गुजरात से चलकर वाराणसी पहुंची ट्रेन की सफाई के दौरान कर्मी को कोच संख्या एस-6 से किसी बच्चे के रोने की आवाज सुनाई दी। ढूंढ़ने पर उसे एक नवजात ट्रेन की सीट के नीचे रोता मिला।
वडोदरा के केवड़िया स्टेशन (गुजरात) से चलकर वाराणसी पहुंची महामना सुपरफास्ट की बोगी से गुरुवार को नवजात बच्ची बरामद हुई। जिसे चाइल्ड लाइन के सदस्यों ने लहुराबीर स्थित काशी अनाथालय को सौंप दिया। मामला उस समय प्रकाश में आया जब ट्रेन कैंट स्टेशन पर यात्रियों को उतारने के बाद वाशिंग लाइन भेज दी गई। सफाई के दौरान रेल कर्मी को कोच संख्या एस-6 से किसी बच्चे के रोने की आवाज सुनाई दी।
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वह गौर से बारी-बारी से सीटों के नीचे देखने लगा। जैसे ही उसकी नजर सीट संख्या 28 के नीचे गई तो वह दंग रह गया। कपड़े में लिपटी हुई नवजात बच्ची रो रही थी। आनन-फानन सफाई कर्मी ने इसकी जानकारी अधिकारियों को दी। जिसके बाद पहुंचे चाइल्ड लाइन के कर्मचारियों ने बच्ची को अपने कब्जे में ले लिया।
इसके बाद चाइल्ड लाइन ने बेहतर देखभाल के लिए बच्ची को काशी अनाथालय सौंप दिया। मंडलीय चिकित्सालय के चिकित्सकों के मुताबिक बच्ची स्वस्थ है। अनुमान लगाया की बच्ची का जन्म चार से पांच दिन पहले हुआ होगा।