शारदीय नवरात्र की नवमी तिथि पर मां सिद्धिदात्री देवी का दर्शन पूजा किया गया। बनारस के मैदागिन के पास गोलघर के पीछे स्थित मां सिद्धिदात्री के दरबार में गुरुवार को भक्तों की अपार भीड़ उमड़ी। इसके अलावा अन्य मंदिरों में भी बड़ी संख्या में लोगों ने दर्शन-पूजन किया। दूसरी ओर मंदिरों, मठों, संस्थाओं और घरों में कन्याओं के साथ भैरव के रूप में बालकों का पूजन-अर्चन किया गया।
गायत्री परिवार की ओर से शक्तिपीठ दानूपुर में पंच कुंडीय गायत्री महायज्ञ का आयोजन किया गया। पूरे शहर में उल्लास का माहौल रहा। इस अवसर पर रविन्द्रपुरी स्थित अघोराचार्य बाबा कीनाराम अघोर शोध एवं सेवा संस्थान में पीठाधीश्वर एवं सर्वेश्वरी समूह और अघोर सेवा मंडल के अध्यक्ष बाबा सिद्धार्थ गौतम राम के दिशा निर्देश पर देवी स्वरूप में नौ कन्याओं एवं भैरव बाबा का पूजन किया गया।
कन्याओं के पांव पखारे गए। इसके बाद उन्हें लाल चुनरी ओढ़ाकर उनका पूजन अर्चन किया गया। वहीं महिला मंडल की ओर से दुर्गाकुंड स्थित वृद्धाश्रम में वृद्ध माताओं में फल एवं मेवे का वितरण किया गया। नमामि गंगे की ओर से दशाश्वमेध घाट पर माता शीतला के प्रांगण में नौ देवियों के स्वरूप में कुंवारी कन्याओं का विधि-विधान से पूजन किया गया। मां गंगा की आरती उतारी गई।
संयोजक राजेश शुक्ला ने बताया कि संपूर्ण विश्व इन दिनों पर्यावरण संकट के दौर से गुजर रहा है। भारत ही नहीं विश्व भर में पर्यावरण संरक्षण को लेकर तरह-तरह के अभियान चलाए जा रहे हैं। वहीं बंगाली टोला क्षेत्र के देबनाथ पुरा स्थित प्राचीन गोल्डन स्पोर्टिंग क्लब में 108 कन्याओं का पूजन किया गया।