महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में जल्द ही नेचुरोपैथी अस्पताल खोलने की योजना है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने अस्पताल खोलने की कार्ययोजना तैयार करके शासन को भेज दिया है। शासन से अनुमति मिलने के बाद इस दिशा में विश्वविद्यालय प्रशासन पहल शुरू कर देगा।
कुलपति प्रो. आनंद कुमार त्यागी ने बताया कि प्राकृतिक चिकित्सा को बढ़ावा देना समय की मांग है। यही प्राकृतिक चिकित्सा है जिसने कोरोना जैसी महामारी के दौर में 130 करोड़ भारतीयों की रक्षा की है। बनारस जैसे शहर में नेचुरोपैथी अस्पताल की बहुत ज्यादा जरूरत है और यह अस्पताल बनारस के लिए वरदान साबित होगा। महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ अपने कैंपस में नेचुरोपैथी अस्पताल खोलने पर भी विचार कर रहा है। इसका प्रस्ताव बनाकर हमने शासन को भी प्रेषित कर दिया है। शासन से अनुमति मिलने के बाद इस दिशा में पहल शुरू कर दी जाएगी।