रंगभरी एकादशी के पावन पर्व पर गंगा किनारे महादेव के साथ होली खेलकर नमामि गंगे के सदस्यों ने काशी में रंगोत्सव की शुरुआत की। इस दौरान गंगा सेवकों ने महादेव संग खूब होली खेली।
रंगभरी एकादशी के पावन पर्व पर शुक्रवार को गंगा किनारे गंगा सेवकों ने महादेव संग खूब होली खेली। गंगातट पर प्राचीन बड़े महादेव सहित द्वादश ज्योतिर्लिंग अबीर-गुलाल से सराबोर रहे।
विज्ञापन
नमामि गंगे गंगा विचार मंच के जिला संयोजक शिवम अग्रहरि के संयोजन में गायघाट पर देवाधिदेव महादेव के विग्रहों को गंगाजल से स्नानादि के बाद पुष्पहार, धूप दीप, नैवेद्य आदि अर्पित की गई। महादेव को हर्बल अबीर, गुलाल समर्पित करने के साथ ही काशी में रंगोत्सव का आगाज हो गया।
विविध रंगों के मेल से रंगोली आर्टिस्ट चांदनी विश्वकर्मा ने आकर्षक रंगोली में बाबा श्री काशी विश्वनाथ व माता गौरा की सुंदर कलाकृति बनाई। ओम जय शिव ओमकारा की धुन के साथ आरती प्रारंभ हुई तो सैकड़ों श्रद्धालुओं ने भक्तिभाव से सहभागिता की। हर- हर महादेव के जयघोष से पूरा गंगातट गुंजायमान रहा। गंगासेवियों ने नाविकों, स्थानीय दुकानदारों, पुरोहितों आदि को अबीर- गुलाल लगाकर शुभकामनाएं दी। संदेश दिया कि होली सामाजिक सद्भाव व आत्मीय संबंधों को प्रांगण करने का अवसर प्रदान करता है।
विज्ञापन
इस दौरान रामप्रकाश जायसवाल, जय विश्वकर्मा, रश्मि साहू, रेनू जायसवाल, किरण पांडेय, चारुशिला सिन्हा, सपना वर्मा, ऊषा गुप्ता, सुमित मध्येशिया, शिवा, निखिल शामिल रहे।