वाराणसी। छठ पूजा को ध्यान में रखकर नगर निगम ने पूजा होने वाले कुंडों और तालाबों की साफ सफाई शुरू करा दी है। हालांकि तीन दिन में कुंडों की सफाई निगम के लिए चुनौती से कम नहीं है। 20 नवंबर को अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य दिया जाएगा। लेकिन कई कुंडों में अब भी गंदगी तैर रही है।
ईश्वरगंगी कुंड के अंदर काई जमी है। इसके अलावा अंदर की सफाई करके गंदगी बाहर रखी गई है। जिसे उठाया नहीं गया है। रामकुंड के भीतर भी लाल दवा डाली गई है। जो दूर से देखने में काई लगती है। लक्ष्मीकुंड में काली, लक्ष्मी, गणेश की प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया था। इसे ध्यान में रखकर नगर निगम ने इसकी सफाई पहले शुरू करा दी है। सूरजकुंड के आस पास, शंकुलधारा पोखरे और पिशाचमोचन कुंड के चारों तरफ गंदगी फैली है। जिसे अब तक नहीं हटवाया गया है।
सभी पूजा वाले कुंडों और तालाबों की सफाई शुरू कराने का निर्देश दिया गया है। कुछ जगहों पर सफाई शुरू हो गई है। जहां सफाई नहीं शुरू हुई है वहां मंगलवार से सफाई शुरू हो जाएगी। पहले अर्घ्य से पूर्व सभी कुंडों को साफ कर दिया जाएगा।-देवीदयाल, अपर नगर आयुक्त देवीदयाल
रामकुंड के लोग नियमित करते हैं सफाई
रामकुंड क्षेत्र विकास समिति के लोगों ने अपने स्तर पर सफाई का काम शुरू कराया है। लक्सा के पार्षद लकी वर्मा ने बताया कि नगर निगम के अलावा यहां के स्थानीय लोग नियमित सफाई करते हैं। लक्ष्मीकुंड की सफाई करवाई है। रामकुंड में मछलियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए लाल दवा डाली गई है।