उन्होंने कहा, मैं हत्याकांड का गवाह हूं लेकिन सरकार नहीं चाहती है कि मैं इस मामले में मुख्तार के खिलाफ कोर्ट में गवाही दूं। इसलिए मेरी सुरक्षा हटा ली गई और मेरे सभी शस्त्र लाइसेंस निरस्त कर दिए गए। भाजपा मुख्तार को बचाने का कांग्रेस पर आरोप लगाती है, जबकि जो विदेश से अपराधियों को लाने का दम भरते थे वह अपने देश से ही अपराधी को प्रदेश में नहीं ला पा रहे हैं। कांग्रेस में किसी माफिया को संरक्षण नहीं दिया जाता है। उन्होंने कहा कि नौ फरवरी को संकटमोचन मंदिर में मत्था टेकने के बाद इलाहाबाद हाईकोर्ट में गवाही देने जाऊंगा।