“बड़ी हवेली” के नाम से चर्चित यह भवन अपराधियों के जमावड़े, रंगदारी की रकम के बंटवारे और आपराधिक गतिविधियों की योजना बनाने का केंद्र बना हुआ था। लोक निर्माण विभाग द्वारा भवन के निर्माण और मरम्मत कार्य का मूल्यांकन कराया गया, जिसके बाद गैंगस्टर एक्ट की धारा 14(1) के तहत कुर्की की कार्रवाई की गई।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार ध्रुव सिंह पर वर्ष 1992 से अब तक हत्या, डकैती, रंगदारी, अपहरण, धोखाधड़ी और गैंगस्टर एक्ट समेत विभिन्न धाराओं में कुल 78 मुकदमे दर्ज हैं।
संयुक्त निदेशक अभियोजन की विधिक राय में संपत्ति के लिए कोई वैध आय का स्रोत नहीं पाया गया, जिसके बाद सक्षम प्राधिकारी ने कुर्की का आदेश पारित किया। तहसीलदार सगड़ी को संपत्ति का प्रशासक नियुक्त किया गया है। सीओ सिटी शुभम तोदी ने बताया कि जनपद में संगठित अपराध और माफियाओं के विरुद्ध अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।