बीएचयू अस्पताल परिसर में कुत्ता
- फोटो : अमर उजाला
बीएचयू के सर सुंदरलाल अस्पताल में बुधवार दोपहर एक पागल कुत्ते ने मरीजों और परिजनों को दौड़ा-दौड़ा कर काटा। कुत्ते के दौड़ाने और काटने से 20 लोग जख्मी हो गए। सुरक्षाकर्मियों ने कुत्ते को खदेड़ा, तब लोगों को अफरातफरी से निजात मिली। अस्पताल में मरीज और परिजन रोजाना की तरह पर्चा काउंटर के सामने इधर-उधर बैठे थे।
दोपहर पौने दो बजे एक कुत्ता आया और लोगों को दौड़ा-दौड़ा कर काटने लगा। पर्चा काउंटर से ओपीडी हाल तक अफरा-तफरी का माहौल बन गया। जब तक लोग कुछ समझते तब तक कु त्ते के काटने और दौड़ाने से सोनभद्र निवासी सुभद्रा, भभुआ बिहार के अरविंद कुमार, अजय गुप्ता, अनिता सोनी समेत 20 लोग जख्मी हो गए। सभी को इमरजेंसी ले जाकर इलाज कराया गया।
बाद में ओपीडी से लेकर वार्ड में भर्ती मरीजों के परिजनों को चिंता सताती रही कि कुत्ता कहीं वार्ड तक न आ जाए। इस दौरान स्पेशल वार्ड और आयुर्वेद संकाय के एक्सरे कक्ष के सामने कुत्ते घूमते रहे। आवारा कुत्तों को पकड़ने के लिए अब तक तीन बार नगर निगम को पत्र लिखे जा चुके हैं।
चिकित्सा अधीक्षक प्रो. विजय नाथ मिश्र ने बुधवार को एक बार फिर नगर आयुक्त को पत्र लिखकर अभियान चलाकर कुत्तों को पकड़ने की मांग की है। बताया, 20 अप्रैल 2016, 20 अप्रैल 2018, 28 सितंबर 2018 को भी पत्र भेजा जा चुका है लेकिन नगर निगम ने सक्रियता नहीं दिखाई।
नगर आयुक्त डॉ. नितिन बसंल का कहना है कि चिकित्सा अधीक्षक के किसी पत्र के बारे में जानकारी नहीं है। नगर निगम की ओर से कुत्तों को पकड़ने के बजाय उनका बंध्याकरण कराया जाता है। पत्र मिलने के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।