दोनों पक्षों के बीच घंटों हुई पंचायत के बाद युवक का कहना था कि अभी उसके बड़े भाई की शादी नहीं हुई है। ऐसी स्थिति में वह कैसे शादी कर ले। वहीं, युवती का कहना था कि उसका प्रेमी बाद में फिर मुकर जाएगा तो वह भला क्या करेगी। रोहनिया इंस्पेक्टर ने युवती के साथ ही युवक और उसके परिजनों को फिर समझाया तो सभी शादी के लिए तैयार हो गए। इसके बाद आनन-फानन थाना परिसर स्थित मंदिर में युवक और युवती ने एक-दूसरे को माला पहनाकर सात फेरे लिए। साथ ही दोनों के परिजनों ने एक-दूसरे का मुंह मीठा कराया और युवक-युवती को आशीर्वाद दिया।
इस संबंध में इंस्पेक्टर रोहनिया परशुराम त्रिपाठी ने बताया कि दोनों बालिग हैं और कई वर्षों से एक-दूसरे से प्रेम करते थे। इसलिए दोनों पक्ष की सहमति से लिखा पढ़ी करा कर उनकी शादी करा दी गई है। युवक और उसके परिजनों को चेतावनी दी गई है कि युवती को उसके ससुराल में किसी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए।