लिफ्ट को लेकर जिम्मेदार संवेदनशील नहीं
रिटायर्ड प्लानर एके सिंह ने बताया कि सोसाइटी और बिल्डर लिफ्ट को लेकर संवेदनशील नहीं होते हैं। लापरवाही से इस प्रकार के हादसे होते हैं। इसके अलावा लिफ्ट में खराबी वहां रहने वालों की लापरवाही से भी होती है। लिफ्ट में लोग भारी भारी सामान लेकर आते-जाते हैं। जब वहां की सोसाइटी और बिल्डर मना करते हैं तो लोग झगड़ा करने पर उतारू हो जाते हैं। बिल्डिंग के हर घर से मेंटेनेंस के नाम पर हर महीने पैसा लिया जाता है। इसी पैसे से पूरी बिल्डिंग की जनसुविधाओं की जांच होती रहती है।
लिफ्ट फेल होने के प्रमुख कारण
- ओवरहीटिंग - ओवरहीटिंग एक प्राथमिक कारक है जो ब्रेक को नुकसान पहुंचाती
- सिस्टम ओवरलोडेड - लिफ्ट की भार क्षमता से अधिक भार होने पर ब्रेक फेल
- इलेक्ट्रिकल फेलियर- खराब वायरिंग या इलेक्ट्रिकल कंपोनेंट ब्रेक फेल
- मैकेनिकल फेलियर - घिसे-पिटे या क्षतिग्रस्त मैकेनिकल पार्ट्स ब्रेक में खराबी
- ब्रेक पैड का फिजिकल वियर- समय के साथ, ब्रेक पैड घिस सकते हैं, जिससे ब्रेक फेल होता है
- ब्रेक पैड पर रिवेट्स का ढीला होना- ढीले रिवेट्स ब्रेक पैड के फंक्शन खराब
- ब्रेक पैड पर लुब्रिकेंट -अत्यधिक लुब्रिकेंट से ब्रेक पैड में खराबी
लिफ्ट फेल होने से बचाने के उपाय
- ब्रेक पैड, ब्रेक रोटर और ब्रेक फ्लूइड की नियमित रूप से निगरानी
- ब्रेक का उचित समायोजन और रखरखाव सुनिश्चित करें
- लिफ्ट को ओवरलोड करने से बचें
- किसी भी इलेक्ट्रिकल या मैकेनिकल समस्या का तुरंत समाधान
बोले अधिकारी
बिल्डिंग के नक्शे की जांच वीडीए करती है। नक्शे के विपरीत बिल्डिंग बनने पर वीडीए कार्रवाई करती है। बिल्डिंग बनने के बाद वहां के मूलभूत सुविधाओं की जिम्मेदारी बिल्डर और सोसाइटी की होती है। - डॉ. वेद प्रकाश मिश्रा, सचिव, वीडीए