थानाध्यक्ष कमलेश कुमार ने बताया कि रीना के अनुसार, नंदलाल दोपहर में गांव के ही एक व्यक्ति के खेत में खाद का छिड़काव करने गए थे। काम पूरा करने के बाद वह पोखरे में नहाने लगे। नहाते समय वह अचानक गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। आसपास मौजूद लोगों ने उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन उन्हें समय रहते बाहर नहीं निकाला जा सका।
नंदलाल तीन भाइयों में सबसे बड़े थे। वह मेहनत-मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनकी अचानक मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। नंदलाल के पांच बच्चे हैं। पिता की मौत के बाद पांचों बच्चों के सिर से पिता का साया उठ गया। परिवार की आय का मुख्य सहारा नंदलाल ही थे, ऐसे में उनकी मौत के बाद परिजनों के सामने रोजी-रोटी का संकट भी खड़ा हो गया है।
घटना के बाद गांव में भी शोक का माहौल है। ग्रामीणों ने परिवार के प्रति संवेदना जताई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मॉर्च्यूरी हाउस भेज दिया। थानाध्यक्ष ने बताया कि मामले में आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी गई है।