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Kashi Vishwanath: सुरक्षा समिति का निर्णय, अब मंदिर परिसर में मोबाइल ले जा सकेंगे ये लोग, बैठक में लिया फैसला

Wed, 24 May 2023 11:42 AM IST
किरन रौतेला न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी

सार

मंदिर में प्रोटोकॉल की एकीकृत प्रणाली स्थापित किए जाने की कार्ययोजना बनाने पर सहमति बनी है। इसमें सभी वीआईपी व सामान्य प्रोटोकॉल के दर्शन की व्यवस्था की जाए। साथ ही प्रोटोकॉल के दर्शनार्थियों के साथ मंदिर की ओर से ड्रेस में तैनात कर्मचारी ही लाइजन करेंगे।
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काशी विश्वनाथ धाम - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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काशी विश्वनाथ मंदिर परिसर में अधिकृत कर्मचारी, सेवादार और सुरक्षाकर्मियों को मोबाइल फोन ले जाने की अनुमति होगी। इसके लिए मंदिर प्रशासन ऐसे कर्मचारियों की सूची तैयार करेगा, जिन्हें परिसर के अंदर मोबाइल की आवश्यकता होती है। यह निर्णय श्री काशी विश्वनाथ धाम सुरक्षा व्यवस्था समिति की बैठक में लिया गया। इसके साथ ही मंदिर में दर्शन के लिए प्रोटोकाल की एकीकृत व्यवस्था पर भी निर्णय लिया गया।

अपर पुलिस महानिदेशक सुरक्षा विनोद सिंह की अध्यक्षता में मंगलवार को काशी विश्वनाथ धाम में बैठक हुई। इसमें तय किया गया कि मंदिर प्रशासन की सूची के अतिरिक्त परिसर में मोबाइल फोन पाए जाने पर कार्रवाई की जाएगी। मंदिर में सीसीटीवी सर्विलांस की सुविधा होगी। इसके लिए पुलिस के समन्वय से स्थान चिन्हित किए जाएंगे। ऊंचाई पर पोल-बेस्ड सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे।

नो व्हीकल जोन होगा मंदिर मार्ग

जहां अंधेरा रहता है, वहां हाई-मास्ट लाइट लगाई जाए। महाशिवरात्रि, नववर्ष आदि जैसे विशेष अवसरों पर श्रद्धालुओं एवं दर्शनार्थियों को कतारबद्ध एवं नियंत्रित करने के लिए रात में भी मंदिर मार्ग को नो-व्हीकल ज़ोन किया जाएगा। सीआईएसएफ के समन्वय से मंदिर प्रशासन स्लाइडिंग डोर, एंड-टू-एंड बैरिकेडिंग आदि की व्यवस्था की जाएगी।

 

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निरीक्षण करते स्थाई सुरक्षा समिति की सदस्य और अधिकारी गण - फोटो : अमर उजाला

प्रोटोकॉल की एकीकृत प्रणाली स्थापित होगी

मंदिर में प्रोटोकॉल की एकीकृत प्रणाली स्थापित किए जाने की कार्ययोजना बनाने पर सहमति बनी है। इसमें सभी वीआईपी व सामान्य प्रोटोकॉल के दर्शन की व्यवस्था की जाए। साथ ही प्रोटोकॉल के दर्शनार्थियों के साथ मंदिर की ओर से ड्रेस में तैनात कर्मचारी ही लाइजन करेंगे। विभागों के प्रतिदिन के प्रोटोकॉल के लिए मंदिर प्रशासन द्वारा संख्या निर्धारित की जाएगी। मंदिर के कर्मचारी, नित्य दर्शनार्थी के लिए पुलिस विभाग के समन्वय से आरएफआईडी कार्ड की व्यवस्था की जाएगी।

व्यवहार सौम्य हो

मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था में तैनात पुलिस व मंदिर प्रशासन के प्रतिनिधियों का व्यवहार श्रद्धालुओं के प्रति सौम्य एवं शालीन होना चाहिए। ओरिएंटेशन एवं वर्कशॉप भी कराए जाने का निर्णय लिया गया। बैठक में पुलिस आयुक्त मुथा अशोक जैन, मंडलायुक्त कौशल राज शर्मा, संयुक्त निदेशक (इंटेलिजेंस) जनार्दन सिंह, जिलाधिकारी एस राजलिंगम, मुख्य कार्यपालक अधिकारी डॉ सुनील वर्मा समेत सीआरपीएफ के अधिकारी मौजूद रहे।
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