व्हीलचेयर पर काशी की बेटी सुमेधा
- फोटो : अमर उजाला
भारतीय महिला शूटिंग टीम ने कोरिया के चांगवोन में खेले जा रहे वर्ल्ड शूटिंग पैरा स्पोर्ट विश्वकप में 10 मीटर एयर राइफल इवेंट में रजत पदक अपने नाम किया है। इवेंट में मध्यप्रदेश की रूबीना फ्रांसिस, सीकर की निशा कंवर व काशी की सुमेधा ने अपना लोहा मनवाया। सुमेधा का यह दूसरा अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट है। इससे पहले वह फ्रांस में पैरा निशानेबाजी विश्व कप में देश के लिए रजत जीतने में कामयाब हुई थीं।
पदक जीतने की सूचना मिलते ही सुमेधा को फोन व सोशल मीडिया पर बधाई देने वालों का तांता लग गया। इस इवेंट में कोरिया की टीम प्रथम और इंडिया की टीम दूसरे स्थान पर रही। सुमेधा भेलूपुर क्षेत्र की मानस नगर कॉलोनी में रहती हैं। उनकी उपलब्धि पर काशी में हर्ष का माहौल है। लौटने पर उनके भव्य स्वागत की तैयारी की जा रही है। सुमेधा ने जीत का श्रेय पिता, गुरु, कोच व काशी के लोगों को दिया है।
अब तक हासिल कर चुकी हैं कई पदक
सुमेधा को 2013 में रीढ़ की हड्डी में इंफे क्शन हुआ और कमर के नीचे के हिस्से ने काम करना बंद कर दिया। दसवीं में पढ़ाई के दौरान हुई इस घटना ने सुमेधा की जिंदगी बदल दी, लेकिन काशी की बेटी ने हिम्मत नहीं हारी। व्हीलचेयर पर बैठे-बैठे देश के लिए स्वर्ण, रजत व कांस्य जीत रही हैं। सुमेधा 12वीं में दिव्यांग वर्ग में नेशनल टॉपर रहीं। महज छह महीने के अभ्यास में उन्होंने स्टेट शूटिंग चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक हासिल किया। वह उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से लक्ष्मीबाई अवॉर्ड से भी सम्मानित हैं।
प्रधानमंत्री मोदी भी सुमेधा के फैन
सुमेधा के फैन खुद पीएम मोदी भी हैं। साल 2019 में उनकी मुलाकात प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से हुई। सुमेधा ने पीएम से शूटिंग रेंज बनाने की बात कही थी। पीएम मोदी ने भी वादा पूरा किया और छावनी में आधुनिक शूटिंग रेंज बनकर तैयार है। पिता बृजेश काफी खुश हैं।