भाजपा सांसद और पूर्वमंत्री कलराज मिश्र ने मंदिर निर्माण की प्रतिबद्धता को दोहराते हुए कहा कि न्यायालय के फैसले के बाद मंदिर का निर्माण किया जाएगा। जरूरत पड़ी तो कानून बनाकर मंदिर का निर्माण करेंगे।
वे बुधवार को मिशन अस्पताल परिसर में प्रबुद्घजन सम्मेलन के बाद पत्रकारों से बात कर रहे थे। सपा बसपा गठबंधन पर उन्होंने कहा कि यह गठबंधन बिरादरी के नाम पर हो रहा है। हम कार्य, संपर्क और योजनाओं की लगातार मानीटरिंग से गठबंधन को ध्वस्त कर देंगे।
इसके लिए हमारे कार्यकर्ता गांव-गांव जाकर लोगों को योजनाओं का लाभ पहुंचा रहे हैं। सरकार संविधान से चलती है, मंदिर निर्माण हमारी प्रतिबद्धता है, गर्भगृह वहीं पर रहा है। संविधान के अनुसार न्यायालय के फैसले के बाद ही मंदिर बनेगा।
अगर जरूरत पड़ी तो कानून बनाकर मंदिर का निर्माण किया जाएगा। हमने गरीब सवर्णों के आरक्षण को कानूनी मान्यता दी। हमने इसे लागू करने के बाद इसे संवैधानिक रूप दिया ताकि इसे बदला न जा सके। कोर्ट ने भी इस पर रोक लगाने से इंकार कर दिया।